देखो, जब आपके स्कैनर में P0660 कोड आ जाए, तो इसका मतलब है 'Intake Manifold Tuning Valve Control Circuit Open/Open Bank 1'। अब, सीधे बोलूँ तो ये इंजन के उस हिस्से से जुड़ा है जहाँ हवा अंदर जाती है-intake manifold। इसमें एक खास वाल्व होता है, जो हवा के फ्लो को कंट्रोल करता है, ठीक वैसे ही जैसे किसी कमरे में पंखा स्पीड कम-ज्यादा करने से हवा का बहाव बदल जाता है। ये वाल्व अपने अंदर फ्लैप्स खोलता-बंद करता है, जिससे इंजन को सही मात्रा में हवा मिलती है और आपकी गाड़ी बढ़िया चलती है। पर जैसे ही पावर कंट्रोल मॉड्यूल (PCM) को लगे कि सर्किट में इलेक्ट्रिकल या मैकेनिकल गड़बड़ है-मसलन, वाल्व जाम हो गया या अंदर गंदगी फँस गई-तो ये P0660 कोड फेंक देता है। मैंने तो कई बार देखा है, छोटी सी वायरिंग की गड़बड़ी या वाल्व में जरा सी गंदगी भी ये कोड दिखा देती है। ये ज़्यादातर सिलेंडर नंबर 1 के पास वाली लाइन में होता है। इसका मकसद साफ है: आपके इंजन की परफॉर्मेंस और ड्राइविंग क्वालिटी बनी रहे।
DTC P0660
कारणों की जानकारी eobd obdii P0660
अब बात करें असली वजहों की, तो भाई, मेरे गैरेज में P0660 कोड के केस बार-बार आते हैं और इनमें आमतौर पर ये कारण निकलते हैं:
- Intake manifold runner valve खुद ही ढीला या डेड हो जाना
- वाल्व का जाम हो जाना-जैसे पुरानी जंग लगी चीज हिलती ही नहीं
- वायरिंग में कट, टूट-फूट या कनेक्टर का लटक जाना (क्लासिक केस: चूहे ने कुतर दिया!)
- वाल्व के अंदर गंदगी या तेल जमा हो जाना
- अंदर के पार्ट्स का टूट जाना-कई बार प्लास्टिक गियर फट जाता है
- बहुत ज्यादा ठंडी में वाल्व ने काम करना बंद कर दिया-ऐसा खासतौर पर नॉर्थ इंडिया में देखा है
सच बताऊँ, 8 में से 5 बार तो दिक्कत वायरिंग या कनेक्टर में ही मिलती है। कई बार ग्राहक सोचता है कि बड़ा पार्ट खराब है, लेकिन असल में छोटी सी सफाई या वायरिंग फिक्स से काम बन जाता है।
लक्षणों की पहचान code P0660
P0660 कोड दिखने पर गाड़ी कुछ अजीब हरकतें करती है। ये लक्षण कई बार मैंने खुद चेक किए हैं:
- इंजन की ताकत कम हो जाती है-गाड़ी सुस्त पड़ जाती है, जैसे किसी ने रस्सी से खींच लिया हो
- पेट्रोल या डीजल ज्यादा पीने लगती है-माइलेज गिर जाता है
- स्टार्ट करते वक्त इंजन झटके मारता है या मिसफायर करता है-खासकर सुबह के वक्त
- ठंडे मौसम में गाड़ी स्टार्ट करने में नखरे दिखाती है
- कभी पावर ज्यादा, कभी कम-जैसे गाड़ी मूड में नहीं है
- इंजन से तेज क्लिक या टक-टक की आवाज-ये आवाजें अक्सर कनेक्टर या वाल्व में गड़बड़ी का इशारा देती हैं
अब देखो, अगर इनमें से कुछ भी दिखे, तो इसे हल्के में मत लो। मैंने कई बार छोटी सी अनदेखी को बड़ी रिपेयर में बदलते देखा है।

डायग्नोसिस प्रक्रिया obd P0660
जब मैं P0660 कोड वाली गाड़ी चेक करता हूँ, तो हमेशा आसान से शुरू करता हूँ, ज्यादा घुमावदार रास्ता नहीं चुनता:
- सबसे पहले, सेफ्टी फर्स्ट-इंजन बंद करो, बैटरी का नेगेटिव टर्मिनल खोल दो।
- फिर intake manifold tuning valve और उसके कनेक्टर को अच्छी नजर से देखो-कोई वायर लटक तो नहीं रहा, कनेक्शन ढीला तो नहीं है।
- कभी-कभी कनेक्टर को थोड़ा हिलाओ-अगर हिलाने से इंजन में फर्क पड़े, तो समझो कनेक्टर ढीला है।
- अगर सब ठीक लगे, तो मल्टीमीटर निकालो और सर्किट में वोल्टेज व कंटिन्युटी चेक करो-एक बार मेरे पास आई20 आई थी, बस कंटिन्युटी मिसिंग थी।
- वाल्व निकालो और देखो अंदर गंदगी, जंग या टूट-फूट तो नहीं-कई बार तो वाल्व पर धूल-मिट्टी की मोटी परत चढ़ी होती है।
- अगर मौसम कड़क ठंडा है, तो हाथ से वाल्व मूवमेंट चेक करो-कई बार ठंड में जाम हो जाता है, जैसे दरवाजे की जंग लगी कुंडी।
- आखिर में, PCM से जुड़े फ्यूज और रिले भी देखो-कई बार फ्यूज उड़ा हुआ होता है, और लोग घंटों तक वायरिंग खोलते रह जाते हैं।
कहीं भी गड़बड़ी मिल जाए, तो पहले वही ठीक करो। और हाँ, किसी दोस्त की मदद लेना बुरा नहीं-कई बार दो जोड़ी हाथों से काम जल्दी और सही होता है।

आम गलतियाँ P0660
देखो, इतने सालों में मैंने ये सीखा है कि कुछ गलतियाँ बार-बार होती हैं:
- कोड आते ही बिना चेक किए वाल्व बदल देना-पहले वायरिंग और कनेक्टर पर ध्यान दो
- गंदगी या जंग को इग्नोर करना-कई बार बस सफाई करने से ही गाड़ी ठिकाने आ जाती है
- सिर्फ इलेक्ट्रिकल टेस्ट करके मैकेनिकल दिक्कत छोड़ देना-दोनों चेक करो, जैसे डॉक्टर धड़कन के साथ-साथ बुखार भी देखता है
- PCM या फ्यूज को देखना भूल जाना-ये भूल मत करो, वरना छोटी गलती बड़ी बन जाएगी
ऐसी गलतियाँ मत करो, वरना अपना टाइम भी जाएगा, पैसे भी और गाड़ी फिर भी ठीक नहीं होगी।

गंभीरता की जानकारी dtc P0660
मैं हमेशा यही कहता हूँ-P0660 को नजरअंदाज मत करो। Intake manifold tuning valve की खराबी से इंजन की परफॉर्मेंस और फ्यूल की खपत दोनों पर असर पड़ता है। कई बार ग्राहक सोचता है, 'अभी तो चल रही है,' लेकिन आगे चलकर मिसफायर, कैटेलिटिक कनवर्टर का नुकसान या intake manifold की महंगी रिपेयर पड़ सकती है। सड़क पर पावर अचानक कम हो जाए, तो खुद की और दूसरों की सेफ्टी खतरे में पड़ सकती है। इस कोड को टालना मतलब बाद में और ज्यादा खर्चा और झंझट।
मरम्मत के उपाय fault code P0660
P0660 ठीक करने के लिए मैं हमेशा ये स्टेप्स फॉलो करता हूँ, जो सालों के तजुर्बे से निकाले हैं:
- सबसे पहले intake manifold tuning valve को अच्छे से साफ करो-कई बार बस सफाई से गाड़ी स्मूद चलने लगती है
- वाल्व के कनेक्टर और वायरिंग को ध्यान से रिपेयर या बदलो-कभी-कभी पुराना टेप या कट वायर ही गड़बड़ करता है
- अगर अंदर के पार्ट्स टूटे हैं, तो उन्हें बदल दो-प्लास्टिक गियर या फ्लैप्स अक्सर टूट जाते हैं
- PCM से जुड़े फ्यूज या रिले को चेक करो, जरूरत पड़ी तो बदल दो
- अगर बहुत गड़बड़ है, तो intake manifold खोलकर अंदर की अच्छे से सफाई या रिपेयर कर लो-ये काम थोड़ा टाइम मांगता है, लेकिन जरूरी है
मैं तो हमेशा यही कहता हूँ, पहले सफाई और वायरिंग चेक करो, उसके बाद ही नए पार्ट्स खरीदने का सोचो। इससे जेब भी बचेगी और गाड़ी भी ठीक हो जाएगी।
निष्कर्ष
आखिर में बात यही है, P0660 कोड आपके इंजन के intake manifold tuning valve के सर्किट में गड़बड़ी बताता है। इसे जल्दी पकड़ना और ठीक करना जरूरी है-वरना परफॉर्मेंस, माइलेज और सेफ्टी सब पर असर पड़ेगा। हमेशा सबसे पहले सफाई, वायरिंग और कनेक्टर से शुरू करो, फिर पार्ट्स बदलने की सोचो। इस कोड को हल्के में मत लेना, क्योंकि छोटी गलती आगे चलकर बड़ा झटका दे सकती है। वक्त रहते सही कदम उठाओ, यही मेरा पक्का फंडा है।




