कारण obd P0968 के साथ
अब इतने सालों में मैंने P0968 कोड के पीछे ये सबसे आम वजहें देखी हैं:
- सीधा-सीधा सोलनॉइड C का ही काम तमाम हो जाना – या तो जल गया, या अंदर से फंस गया।
- ट्रांसमिशन ऑयल गंदा, जला हुआ या बिल्कुल पुराना होना – जैसे पुराने तेल में तली हुई पकौड़ी खाने की कोशिश कर रहे हो!
- फिल्टर जाम होना – मैं तो हर सर्विस पर यही पूछता हूँ, "फिल्टर कब बदला था भाई?"
- पंप में दिक्कत – कई बार पंप खुद तेल नहीं पहुंचा पाता।
- वाल्व बॉडी में ब्लॉकेज – एक बार मेरे पास एक Honda आई, उसमें वाल्व बॉडी में गंदगी भर गई थी, पूरी ट्रांसमिशन तंग हो गई थी।
- हाइड्रॉलिक लाइन में कोई रुकावट – ये वैसे कम होता है, लेकिन नामुमकिन नहीं।
- कनेक्टर या वायरिंग में करप्शन – बंदर की तरह चूहे कभी-कभी वायर कुतर जाते हैं, ये मैंने कई बार देखा है।
- पावर या ग्राउंड वायर में कट या शॉर्ट – एक जरा सी तार टूट जाए, तो सारा सिस्टम बैठ जाता है।
- PCM (पावरट्रेन कंट्रोल मॉड्यूल) में गड़बड़ी – ये तो बहुत कम होता है, पर अगर हो जाए, तो सिर खुजला लोगे।
सीधी बात – ज्यादातर तो ऑयल या कनेक्शन में ही पंगा निकलता है, लेकिन सोलनॉइड या पंप भी कभी-कभी धोखा दे देते हैं।
लक्षण P0968 के साथ
अब अगर ये कोड आ गया, तो गाड़ी कुछ ऐसे नखरे दिखाएगी:
- सबसे पहले तो 'इंजन चेक' लाइट एकदम जिद्दी बच्चे की तरह जल जाएगी – बोलेगी, मुझसे कुछ छुपाओ मत!
- गियर बदलते वक्त झटका या स्लिप – जैसे कोई लुका-छिपी खेल रहा हो।
- ट्रांसमिशन गरम होना – एक बार एक कस्टमर आया, बोले "पावर कम हो रहा है, ऑयल सूंघो तो जले हुए का गंध!"
- गाड़ी का पिकअप ढीला – गियर फंसे-फंसे लगेंगे या वहीं के वहीं अटक जाएंगे।
- माइलेज गिरना – सीधा असर जेब पर!
- कभी-कभी गाड़ी 'सेफ मोड' में चली जाती है, मतलब ECU कहता है, "बस अब बहुत हो गया, अब मैं खुद कंट्रोल करूंगा।"
इनमें से कोई भी लक्षण दिखे, तो टालना मत – वरना छोटी बात बड़ी बन जाएगी।

निदान fault code P0968 के साथ
मेरी दुकान पर मैं हमेशा कहता हूँ – सबसे पहले आसान चीज़ें चेक करो, उलझो मत।
- पहला स्टेप – ट्रांसमिशन ऑयल का लेवल और रंग-गंध चेक करो। अगर ऑयल काला, गाढ़ा या जला हुआ लगे, तो बस वहीं से शक शुरू करो।
- फिल्टर की हिस्ट्री देखो – पिछली बार कब बदला था? अगर पुराना है, तो बदल डालो।
- वायरिंग और कनेक्टर्स को अच्छे से घूर के देखो – कट, जले हुए हिस्से, या ढीले कनेक्शन। एक बार मेरे पास एक WagonR आई थी, उसमें सिर्फ कनेक्टर की पिन जंग खा गई थी, सफाई की और कोड उड़ गया।
- अगर बाहर से सब सही दिखे, तो मल्टीमीटर से सोलनॉइड की कनेक्टिविटी चेक करो – ओपन सर्किट या हाई रेसिस्टेंस मिले, तो समझो कहीं तार में या खुद सोलनॉइड में लोचा है।
- अगर आपके पास स्कैनर है, तो लाइव डेटा देखो – सोलनॉइड कमांड मिल रहा है या नहीं? कई बार डेटा ही सच्चाई बता देता है।
- ऊपर की सब चीजें ठीक हैं, तो अब डीप डाइव – पंप, वाल्व बॉडी या खुद सोलनॉइड खोल के देखना पड़ेगा।
अगर खुद से नहीं हो पा रहा, तो किसी पुराने भरोसेमंद मैकेनिक के पास ले जाओ। बेकार में झंझट मत पालो।
आम गलतियाँ trouble code P0968 के साथ
अब सबसे बड़ी गलती जो मैंने देखी – लोग डायरेक्ट सोलनॉइड बदल देते हैं, ऑयल या कनेक्शन चेक ही नहीं करते! कई बार तो सिर्फ एक जंग लगे कनेक्टर की वजह से ट्रांसमिशन खोल देते हैं, और बाद में माथा पीटते हैं। एक बार एक बंदा आया, बोला – "पूरे गियरबॉक्स को खोल दिया, लेकिन असली दिक्कत तो बस एक ढीले कनेक्शन की थी!" और हां, बिना सर्विस बुलेटिन देखे पार्ट्स बदलना – ये तो जैसे डॉक्टर से बिना रिपोर्ट देखे दवा लेना है। हर मॉडल की अपनी बात होती है, गाइड जरूर पढ़ो।

गंभीरता eobd obdii P0968 के साथ
इस कोड को हल्के में लेना खुद को मुसीबत में डालना है। शुरू में लगेगा – अरे छोड़ो, छोटी बात है – पर ट्रांसमिशन के अंदर अगर देर तक दिक्कत रही, तो क्लच, बैंड, गियर – सबकी छुट्टी हो जाएगी। रिपेयर का खर्चा फिर पूछो मत! और रोड पर चलते वक्त अगर गियर स्लिप हो गया या झटका लगा, तो खतरे की घंटी बज सकती है। मेरी राय – जितनी जल्दी हो, पकड़ में आ जाए, उतना अच्छा।
मरम्मत code P0968 के साथ
अब दिक्कत दूर करने के लिए जो चीजें मैं सबसे पहले ट्राई करता हूँ, वो ये हैं:
- ट्रांसमिशन ऑयल और फिल्टर बदलो – ये तो जैसे बीमार को ताजा सूप देना है!
- अगर सोलनॉइड C वाकई में डेड है, तो नया लगाओ।
- वायरिंग या कनेक्टर्स में कोई प्रॉब्लम हो, तो रिपेयर या अच्छी तरह से क्लीन करो।
- पंप या वाल्व बॉडी में दिक्कत है, तो रिपेयर या बदलवा लो – लेकिन तभी जब बाकी सब चेक हो जाए।
- कभी-कभी ट्रांसमिशन फ्लश करवाना भी जरूरी होता है – पुराना तेल बाहर, नया अंदर।
- PCM में दिक्कत हो, तो प्रोग्रामिंग या रिप्लेसमेंट – पर ये बहुत कम होता है।
हमेशा कहता हूँ – पहले छोटी, सस्ती चीजें ट्राय करो, फिर बड़ा पंगा लो। जेब भी बचेगी और टाइम भी।
निष्कर्ष
तो भाई, बात साफ है – P0968 कोड मतलब ट्रांसमिशन के प्रेशर कंट्रोल सोलनॉइड C की सर्किट में गड़बड़। इसे नजरअंदाज किया, तो आगे चलकर सिर पकड़ लोगे – खर्चा भी बढ़ेगा, गाड़ी की सेफ्टी भी खतरे में पड़ जाएगी। आसान से शुरू करो – ऑयल, फिल्टर, वायरिंग और कनेक्शन चेक करो। बहुत बार यहीं से हल निकल आता है। अगर दिक्कत बनी रहे, तो फिर गहराई में जाकर सोलनॉइड या ट्रांसमिशन के पार्ट्स को देखो। मेरी सलाह – टालना मत, झट से ठीक कराओ, ताकि गाड़ी स्मूद चले और आप निश्चिंत रहो।





